क्या निराश हुआ जाए (Kya Nirash Hua Jaye) | Vasant | Difficult word meaning | Grade 8

ठगी: चालबाजी
तस्करी: चोरी से सीमा पार माल ले जाने की क्रिया
भ्रष्टाचार: अनैतिक आचरण
आरोप-प्रत्यारोप: एक-दूसरे को गलत ठहराना
सदेंह: शक
दृष्टि: नज़र
दोष: बुराई
दोष: बुराई
गुणी: अच्छाई
संस्कृति: परम्परा
अतीत: बीता हुआ समय
गह्वर: गड्ढ़ा
महा-समुद्र: महासागर
मनीषियों: ऋषि
जीविका: रोज़गार
निरीह: कमजोर
श्रमजीवी: मेहनत करने वाला
फरेब: धोखा
पर्याय: समानार्थी
भीरु: डरपोक
बेबस: लाचार
आस्था: विश्वास
भौतिक: सांसारिक
संग्रह: इकट्ठा करना
चरम: अंत
परम: प्यारा
लोभ-मोह: लालच
काम-क्रोध: गुस्सा
स्वाभाविक: स्वतः
विद्यमान: उपस्थित
प्रधान: मुख्य
आचरण: व्यवहार
उपेक्षा: ध्यान न देना
गुमराह: रास्ता भटकना
कोटि-कोटि: अनगिनत
दरिद्रजनों: गरीब लोग
हीन: बुरी
उन्नत: ऊँचा
धर्मभीरु: अधर्म करने से डरने वाला
त्रुटियों: गलतियाँ
संकोच: हिचकिचाहट
पर्याप्त: उचित
प्रमाण: सबूत)
आध्यात्मिकता: भगवान से सम्बन्ध रखने वाला
पीड़ा: दुःख
भ्रष्टाचार: बुरा आचरण
आक्रोश: गुस्सा
प्रतिष्ठा: इज्ज़त
संग्रह: इकट्ठा
पर्दाफ़ाश: भेद खोलना
आचरण: व्यवहार
उद्घाटित: उजागर
दोषो द्घाटन: कमियों को दिखाना
एकमात्र: इकलौता
कर्तव्य: फ़र्ज
उजागर: प्रकट
लोक-चित्त: आम जनता को प्रसन्न करने वाला
उपस्थित: हाजिर
विनम्रता: शालीनता
विचित्र: अनोखा
संतोष: तस्सल्ली
चकित: हैरान
लुप्त: गायब
अवांछित: जिसकी इच्छा न की गई हो
घटना: हादसा
वंचना: धोखा
गतंव्य: वह स्थान जहाँ किसी को पहुंचना हो
निर्जन: सुनसान
संदेह: शक
ठिकाना: जगह
उड़ने: डरजाना
कातर: परेशान
हवाइयाँ उड़ने एक मुहावरा है इसका अर्थ है डर जाना
कातर मुद्रा: डरी हुई दशाठगा: छला गया
विश्वासघात: धोखा
कष्टकर: कष्ट देने वाला
अकारण: बिना कारण
ढाँढ़स: तस्सली
व्याकुल: परेशान
दुर्घटना: हादसा
गिड़गिड़ाने: विनती
संदेह: शक
विधियाँ: तरीका
ज्योति: दीया

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